For Quick Alerts
    ALLOW NOTIFICATIONS  
    For Daily Alerts

    घूस में देना पड़ता है 25 प्रतिशत: माइक

    By Neha Nautiyal
    |
    पणजी। देश के मशहूर वन्यजीव फिल्मकार माइक पांडे का कहना है कि वृत्तचित्र फिल्मकारों को फिल्म बनाने के लिए धन हासिल करने के लिए उसकी 25 प्रतिशत राशि अधिकारियों को घूस में देनी पड़ती है।

    माइक को तीन बार ग्रीन ऑस्कर पुरस्कार मिल चुका है। माइक का कहना है कि देश में हर कोने और हर क्षेत्र में अपनी जडें जमा चुका भ्रष्टाचार रचनात्मकता और उद्यम को खत्म कर रहा है।

    उनसे पूछा गया था कि भारत में बनने वाली वृत्तचित्र फिल्में डिस्कवरी और फॉक्स हिस्ट्री चैनल पर प्रसारित वृत्तचित्रों जैसी क्यों नहीं होतीं। इस पर उन्होंने कहा कि पश्चिम में फिल्मों के बड़े बजट के कारण उनकी और भारतीय फिल्मों की गुणवत्ता में बहुत फर्क होता है।

    उन्होंने कहा, "यहां फिल्म बनाने के लिए धन हासिल करने के लिए अधिकारियों को उसकी 25 प्रतिशत राशि घूस में देनी पड़ती है। तब फिल्मकार सोचते हैं कि जब एक व्यक्ति बिना कुछ किए 25 प्रतिशत राशि ले लेता है तब वह अच्छा काम क्यों करे। यह भ्रष्टाचार रचनात्मकता और उद्यमिता को मार रहा है। हमारे पास दुनिया के सबसे अच्छे तकनीशियन हैं लेकिन वे सड़कों पर हैं क्योंकि उनके पास नौकरी के लिए देने को घूस नहीं हैं।"

    माइक हाल ही में 'इंडियन डॉक्यूमेंट्री प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन' के अध्यक्ष बने हैं। वह कहते हैं कि डिस्कवरी या फॉक्स हिस्ट्री चैनल पर प्रसारित एक औसत फिल्म को बनाने में 20 लाख डॉलर का खर्च आता है। जब ऐसी ही फिल्म भारत में बनवाई जाती है तो फिल्मकारों को सिर्फ आठ-नौ लाख रुपये दिए जाते हैं।

    तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
    Enable
    x
    Notification Settings X
    Time Settings
    Done
    Clear Notification X
    Do you want to clear all the notifications from your inbox?
    Settings X
    X