एसिड फैक्टरी: याददाश्त पर आधारित
निर्देशक: सुपर्ण वर्मा
कलाकार: इरफान खान, मनोज वाजपई, दिया मिर्जा, आफताब शिवदसानी, फरदीन खान, डिनो मोरिया और डैनी
पांच आदमी (डैनी, मनोज, आफताब, डिनो और फरदीन) जब एक दिन एक गोदाम से बाहर निकलते है तो पाते है कि गैस लीक होने की वजह से वो अपनी पिछली बातें भूल चुके है। गोदाम का निकास द्धार बाहर से बंद है इसलिए उनके बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं है।
उनके पास एक माफिया बॉस (इरफान) का फोन आता है कि उनमें से चार अपहरकर्ता है और एक अपह्त व्यक्ति। पांचो अपनी याददाश्त न आने के कारण काफी परेशान, और चिड़चिड़े हो रहें है। वे सभी याद करने की पूरी कोशिश करते है कि वे कौन है और इस तरह से अंदर कैसे आए।
एसिड फैक्टरी संजय गुप्ता की फैक्टरी की फिल्म है। कहानी में नयापन है लेकिन एक अंतराल के बाद धीमी पड़ जाती है। फिल्म की शुरूआत काफी रोमांचक है। लेकिन जब फिल्म का संस्पेस खुलता है तो फिल्म में जान बाकी नहीं रहती है फिर अंत तक देखना भारी पड़ जाता है।
अभिनय के लिहाज से मनोज वाजपई, इरफान खान और डैनी ने फिल्म को बांधने की कोशिश की है। वही आफताब, फरदीन और डिनो कुछ खास नहीं कर पाएं है। गुलशन ग्रोवर और नेहा को साबित करने का मौका ही नहीं मिला है। अगर फिल्म की हीरोइन दिया मिर्जा की बात की जाए तो वो सिर्फ हॉट लगी है।
कुल मिलाकर कहा जाए तो फिल्म देखकर समय तो बर्बाद नहीं होगा हां अंत में फिल्म थोड़ी हल्की नजर आएगी।


Click it and Unblock the Notifications











