»   » Beyond The Clouds Review: ईशान खट्टर का शानदार डेब्यू, यहां चूक गए माजिद मजीदी

Beyond The Clouds Review: ईशान खट्टर का शानदार डेब्यू, यहां चूक गए माजिद मजीदी

By Madhuri
Subscribe to Filmibeat Hindi
Beyond The Clouds Movie Review: Ishaan Khatter | Malavika Mohanan | Majid Majidi | FilmiBeat
Rating:
3.0/5
Star Cast: ईशान खैटर, मालवीका मोहनन
Director: मजीद मजीदी

ऑस्कर नॉमिनेटेड ईरानी फिल्म मेकर माजिद मजीदी पहली भारतीय फिल्म 'बियॉन्ड द क्लाउड्स' शुरूआत से ही सुर्खियों में है। दीपिका पादुकोण के लुक टेस्ट से लेकर रोल पसंद नहीं आने पर कंगना रनौत के फिल्म छोड़ने तक फिल्म कई कारणों की वजह से सुर्खियों में रही है। हर कोई माजिद मजीदी की इस फिल्म के इंतजार में था। उनकी फिल्में कठोर सच्चाई और रूपकों का शानदार कॉम्बिनेशन होती है। माजिद मजीदी की फिल्म में हर काले बादल की एक सिल्वर लाइनिंग होती है.. क्या बियॉन्ड द क्लाउड्स ऑडिएंस को इंप्रेस कर पाई? ये रहा जवाब

फिल्म की शुरूआत बेहद दिलचस्प शॉट से होती है, जहां एक लड़का फ्लाईओवर पर दौड़ता हुआ नजर आता है और कैमरा उसका पीछा माजिद मजीदी के वंडरलैंड तक करता है। ये लड़का आमिर (ईशान खट्टर) है, जो जगह-जगह ड्रग्स बेचता है और उसका मानना है कि ये उसके जल्द से जल्द अमीर बनने का तरीका है। वहीं उसकी बहन तारा (माल्विका मोहनन) आर्थिक तंगी के चलते एक प्रॉस्टीट्यूट है, जिसके बारे में ईशान को नहीं पता है।

Beyond-the-Clouds-movie-review-rating-plot

वहीं एक दिन आमिर के कारनामों का पुलिस को पता चल जाता है और सारे वो अपनी बहन के वर्कप्लेस और फिर उसके घर पर जाकर छुपता है। यहां उसे तारा के बारे में पता चलता है, वहीं घाव अभी भरे भी नहीं होते हैं कि तारा को पुलिस अटेम्प्ट टू मर्डर के केस में पुलिस पकड़ कर जेल में डाल देती है। इसके बाद इन भाई-बहन को किस तरह वो फैमिली मिलती है जो वो हमेशा से चाहते थे, फिल्म का बाकी प्लॉट इसके इर्द-गिर्द घूमता है।

माजिद मजीदी अपनी फिल्म में विजुअल अपील के लिए जाने जाते हैं, बियॉन्ड द क्लाउड में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला। फिल्म में खूबसूरत छाया आकृति का खूबसूरत कहानी के साथ बेहतरीन इस्तेमाल देखने लायक है। वो आपको मुंबई के अंदर तक ले जाएंगे और इंसानी भावनाओं की मार्मिक कहानी सुनाएंगे। जेम्स एलन की भाषा में परिस्थितियां इंसान को बनाती हैं उसे खोल कर रख देती हैं।बियॉन्ड द क्लाउड्स में कुछ दिल को छू लेने वाले सीन्स भी हैं लेकिन ये सीन भी थोड़े बिखरे से मालूम होते हैं। माजिद मजीदी आमिर और तारा के भाई-बहन वाले रिश्ते की बॉन्डिंग दिखाने में ज्यादा फोकस नहीं करते, जिसके चलते ऑडिएंस उनके अलगाव का दर्द भी नहीं महसूस कर पाती है। कई जगहों पर फिल्म मेकर्स ऑडिएंस को खुद सीन्स के बारे में सोचने के लिए छोड़ देते हैं। ऐसे में क्या ये फिल्म के लिए पॉजिटिव होता है? आगे बताते हैं।

जहां एक तरफ फिल्म का फर्स्ट हाफ कैरेक्टर्स को समझाने में जाता है, वहीं असली कहानी इंटरवल के बाद शुरू होती है। माजिद मजीदी भी बॉलीवुड के चार्म से नहीं बच पाए और इसे कई जगह इस्तेमाल किया है।

परफॉर्मेंस की बात करें तो, ईशान खट्टर इस फिल्म में शो स्टीलर साबित हुए हैं। पहले फ्रेम से लेकर आखिरी फ्रेम तक, ये नए एक्टर अपनी शरारती मुस्कुराहट, आकर्षक स्क्रीन प्रेजेंस और शानदार अभिनय से ऑडिएंस को जोड़े रखते हैं। आमिर के किरदार में ईशान उस उम्र के युवक का अक्खड़पन और इमोशनल साइड बेहद शानदार तरीके से दिखाते हैं और ऑडिएंस को खूब इंप्रेस कर जाते हैं। उनके बारे में कहें तो ये नया टैलेंट बॉलीवुड के कई बड़े स्टार्स को टक्कर देने वाला है।

ईशान खट्टर की टक्कर में मालविका मोहनन अजीब से लुक के साथ फिल्म में एकदम मिसकास्ट मालूम होती हैं। कुछ सीन्स में खासकर इमोशनल सीन्स में एक्ट्रेस कई बार ओवरएक्टिंग करती मालूम होती हैं और उनकी आवाज कई बार भरभरा जाती है और फिल्म के सीन के साथ एकदम मेल नहीं खाती।

कम डायलॉग्स के साथ गौतम घोष भी अपने किरदार को शानदार तरीके से निभाते हैं। वहीं साउथ इंडियन फिल्म की एक्ट्रेस जीवी शारजा बेहद शानदार रहीं। वे फिल्म में काफी स्ट्रॉग सीन्स देती हैं। वहीं छोटू के किरदार में शिवम पुजारी और आशा के किरदार में अमृता सतोष ने भी दिल को छू लिया है। तनीषा चैटर्जी ठीक-ठाक लगी हैं।

माजिद मजीदी की आंखो से, सिनेमैटोग्राफर इनिल मेहता मुंबई की कई अलग-अलग साइड्स दिखाते हैं, जो भयावह है लेकिन उम्मीदों से भरा हुआ है। चाहे एक्शन सीक्वेंस जिसमें फ्लेमिंगो दिखाए गए हैं, चाहे वा ईशान खट्टर का परछाई वाला डांस हो, बियॉन्ड द क्लाउड्स में कई शानदार सीन्स बेहद खूबसूरती से दिखाए गए हैं।
एआर रहमान का म्यूजिक माजिद मजीदी की फिल्म में धुल सा जाता है। वहीं हसन हसनदोस्त की एडिटिंग भी अच्छी है।

पूरी फिल्म की बात करें तो बियॉन्ड द क्लाउड्स माजिद मजीदी का बेस्ट काम नहीं कहा जा सकता है। इस बार उनका सोशल क्रिटिसिज्म कुछ खास इंप्रेस नहीं कर पाया। हालांकि इस फिल्म में ईशान खट्टर आपको आकर्षित करने में कामयाब हो जाते हैं। अनिल मेहता का आमची मुमंबई का खूबसूरत चित्रण भी देखने लायक है।

For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    English summary
    Beyond The Clouds movie review: Beyond The Clouds may not count among Majid Majidi's best works but it has got enough meat to chew upon. This time, his social criticism in the film doesn't exactly reaches its peak. Still it grabs your attention with Ishaan Khatter's fresh talent.

    रहें फिल्म इंडस्ट्री की हर खबर से अपडेट और पाएं मूवी रिव्यूज - Filmibeat Hindi

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Filmibeat sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Filmibeat website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more