कलर्स के जवाब से महिला आयोग असंतुष्ट

'ना आना इस देस लाडो' का कलर्स चैनल पर प्रसारण होता है। इसमें कन्याओं को जन्म के बाद मार देने का मुद्दा उठाया गया है। पिछले महीने धारावाहिक के निर्माताओं और चैनल को एक नोटिस जारी किया गया था। आयोग ने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) के परामर्श पर धारावाहिक पर कड़ी आपत्ति जताई थी और कहा था कि इसमें महिलाओं को दयनीय स्थिति में दिखाया गया है। आयोग ने इस संबंध में चैनल से जवाब मांगा था।
व्यास ने कहा, "यह एक अपमानजनक धारावाहिक है जो महिलाओं के शील को भंग करता है। इससे सार्वजनिक नैतिकता के वंचित और भ्रष्ट होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि आयोग ने इस मुद्दे पर केंद्र सरकार को लिखा है और प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के समक्ष इस मामले को उठाने जा रहा है। एनएचआरसी के एक सदस्य पी. सी. शर्मा ने का कहना है, "एक विषय पर जागरूकता फैलाने और उस पर किसी जघन्य कृत्य के महिमा मंडन में फर्क है। इस तरह के धारावाहिक दूसरी श्रेणी में आते हैं।"


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