Fact check- बूढ़ी मां की मौत पर बुरी तरह बिलख-बिलख कर रोए अनिरुद्धाचार्य का वीडियो वायरल

Aniruddhacharya Crying video Fact Check: कथावाचक अनिरुद्धाचार्य हर दिन किसी ना किसी मुद्दे को लेकर छाए रहते हैं। अब एक बार फिर से सोशल मीडिया पर उनका एक वीडियो काफी तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में अनिरुद्धाचार्य बुरी तरह से फफक फफक कर रोते दिखाई दे रहे हैं। दिलचस्प बात ये है कि अनिरुद्धाचार्य का ये वीडियो ऐसे समय में वायरल हो रहा है जब महिलाओं के खिलाफ विवादित टिप्पणी के कारण उनपर केस दर्ज हो गया है।
वीडियो शेयर करते हुए दावा किया जा रहा है कि वृद्ध माता के गुजर जाने पर अनिरुद्ध आचार्य जी महाराज फूट-फूट कर रो रहे हैं। तो वहीं कमें सेक्शन में लोगों का कहना है कि केस दर्ज हो जाने के बाद अनिरुद्ध आचार्य जी का ये हाल है। हालांकि आपको बता दें कि दोनों ही बातें तथ्यहीन है और ऐसे कुछ भी नहीं है।
दरअसल, ये एकदम असली सा दिखाई देने वाला वीडियो एकदम नकली और झूठा है। अनिरुद्ध आचार्य का ये फेक वीडियो AI की मदद से क्रिएट किया गया है जो कि सोशल मीडिया पर आग की तरह वायरल हो रहा है और तमाम लोग इसे सच मान लेने की भूल कर रहे हैं। हालांकि ये पहली बार नहीं है जब अनिरुद्ध आचार्य का ऐया फेक वीडियो वायरल हो रहा है बल्कि इससे पहले भी कई बार उनके ऐसे वीडियो वायरल हो चुके हैं।
जानकारी के लिए आपको बता दें कि इंस्टाग्राम पर उनके ऐसे कई वीडियो हैं जिसपर मीम्स बनाए जाते हैं, लेकिन इसी अक्तूबर के महने में अनिरुद्धाचार्य ने कुछ ऐसा कह दिया जिस वजह से उनपर केस दर्ज हो गया है। अनिरुद्धाचार्य के इस वीडियो के वायरल होने के बाद उनके खिलाफ दाखिल याचिका पर सीजेएम उत्सव राज गौरव की अदालत ने इस याचिका को स्वीकार करते हुए इस मामले को दर्ज किया है।
जल्द ही इस मामले की विधिक प्रकिया आगे बढ़ाई जाएगी। अनिरुद्धाचार्य ने बयान दिया है उसका जवाब उन्हें कोर्ट में देना होगा। आपको बता दें कि अनिरुद्धाचार्य के खिलाफ सिर्फ मथुरा में ही नहीं बल्कि वाराणसी और अन्य शहरों में भी केस दर्ज हुआ है।
महिलाओं पर टिप्पणी करने वाले वीडियो को देखने के बाद अखिल भारत हिंदू महासभा आगरा की जिलाध्यक्ष मीरा राठौर ने यह याचिका दाखिल की है। उनका कहना है कि अनिरुद्धाचार्य पर महिलाएं के सम्मान का गंभीर उल्लंघन बताते हुए उनपर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। बता दें कि शुरुआत में तो इस बयान को सुनने के बाद जहां कुछ लोग अनिरुद्धाचार्य के पक्ष में थे तो कई लोग उनके विरोध में आ खड़े हुए थे।


Click it and Unblock the Notifications











