REVIEW: यहां किरदार नहीं.. कहानी सुपरस्टार है - 'अलीगढ़' (4 स्टार)
कुछ फिल्में आपको अंदर तक झंझोर देती हैं। हंसल मेहता के निर्देशन में बनी फिल्म 'अलीगढ़' भी उन्हीं कहानियों में शामिल है। फिल्म 'अलीगढ़' भारत में सिनेमाघरों में आने से पहले ही काफी सुर्खियां बटोर चुकी है। फिल्म को मुंबई फिल्म फेस्टिवल, बुसान फिल्म फेस्टिवल और लंदन के फिल्म समारोह में भी दिखाया जा चुका है जहां इसकी जमकर सराहना की गई।
फिल्म की कहानी है अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर डॉक्टर एस आर सिरस (मनोज बाजपेयी) की, जो पूरी यूनिवर्सिटी में एकमात्र मराठी पढ़ाने वाले प्रोफेसर हैं। लेकिन किस तरह एक घटना उनकी पूरी जिंदगी को बदल देती है.. इसकी कहानी है अलीगढ़.. सिहरन भरी, दर्द भरी.. कहानी, जो सवाल उठाती है।

अलीगढ़ की कहानी अपूर्व असरानी ने लिखी है और यकीन मानिए कि यह कहानी आपको आखिर मिनट तक अपनी सीट से हिलने नहीं देगी। कोई शक नहीं कि फिल्म देखने के बाद आपको खुद को बेबस और कमजोर महसूस करेंगे।
यहां पढ़े फिल्म अलीगढ़ की पूरी रिव्यू-


Click it and Unblock the Notifications











