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'कामयाबी सर चढ़ी तो कलकत्ता चला जाऊंगा'

By: हिना कुमावत - मुंबई से, बीबीसी हिंदी डॉट कॉम के लिए
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शूजित सरकार
Rising sun films
शूजित सरकार

कोलकाता जाकर कर फुटबॉल खेलना किसी को अपनी ज़मीन से जोड़े रखता है. सुनने में ये बात भले ही अजीब लगे, लेकिन जाने-माने निर्देशक शूजित सरकार का सच यही है.

'पीकू', 'पिंक' और नेशनल अवॉर्ड जीत चुकी 'विक्की डोनर' जैसी फ़िल्मों का निर्देशन करने वाले शूजित सरकार के साथ इंडस्ट्री का हर कलाकार काम करना चाहता है, लेकिन वे ख़ुद को सेलेब्रिटी निर्देशक नहीं मानते.

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शूजित कहते हैं, "मैं खुद को सेलेब्रिटी नहीं मानता हूं. कोई चांस ही नहीं है. जिस दिन मुझे लगेगा है कि सेलेब्रिटी डायरेक्टर होता जा रहा हूं तो मैं यहाँ से कोलकाता वापस भाग जाऊंगा, फ़ुटबॉल खेलने."

दीपिका, इरफान, शूजित सरकार
Getty Images
दीपिका, इरफान, शूजित सरकार

अपनी फ़िल्मों से कई सामाजिक समस्याओं पर चोट करने वाले शूजित ने हाल ही में परीक्षा दे रहे बच्चों के तनाव को शॉर्ट फ़िल्म के माध्यम से बख़ूबी बयान किया है.

"मिरांडा रिलीज़ द प्रेशर" नामक शॉर्ट फ़िल्म में शूजित ने बच्चों पर माता-पिता की ओर से बनाए जा रहे प्रेशर को दिखाया है. शूजित ने इस अनुभव के बारे में बताया, "रिसर्च में पता चला की कितने बच्चे डिप्रेशन में चले जाते हैं. तब लगा कि सोसाइटी में ये सब हो रहा है. कुछ करना चाहिए."

"हमने बच्चों से ख़त मंगवाए. उसमें कई चौंकाने वाली बातें दिखीं. कोई माँ-बाप के प्रेशर में रात भर बाथरूम में बंद रहना चाहता है. कोई रात रात भर रोता रहता है तो कोई इस बात से परेशान है कि उसके माँ-बाप उसकी तुलना दूसरे बच्चों से करते हैं. बच्चे कई तरह के मानसिक तनाव से गुजर रहे हैं. ये फ़िल्म उसी प्रेशर पर है. मैं चाहता हूं कि हर माँ-बाप और बच्चे ये फ़िल्म देखें."

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शूजित सरकार

तीन-चार दिन में इस फ़िल्म को यूट्यूब पर 10 मिलियन हिट्स मिल चुके हैं. वैसे शूजित इस बात से बहुत ख़ुश हैं कि अमिताभ बच्चन ने उन्हें फ़ोन पर बधाई दी.

पिंक (बतौर प्रोडयूसर) और पिकू (बतौर निर्देशक) जैसी फ़िल्मों में अमिताभ के साथ काम कर चुके शूजित इन दिनों फ़िल्मों के हिट या फ़्लॉप होने के मापदंड पर भी सवाल करते हैं.

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शूजित कहते हैं, "फ़िल्म ने कितना धंधा किया उसको यहाँ सक्सेस माना जाता है. ये सही मापदंड नहीं है. मनी मेकिंग तो कोई भी कर सकता है. मैं बॉक्स ऑफ़िस की चिंता नहीं करता तभी तो मैं बिना किसी प्रेशर के फ़िल्म बनाता हूं जिसमें कोई गाने भी नहीं होते."

अपनी शर्तों पर फ़िल्म बनाने वाले शूजित सरकार में एक बात तो है कि उनकी फ़िल्में प्रेशर पर बात किए बिना पूरी नहीं होती. पीकू में अमिताभ बच्चन अलग तरह के प्रेशर से परेशान थे, वहीं पिंक में लड़कियों पर सोसाइटी के प्रेशर की बात थी और अब उनकी शॉर्ट फिल्म 'मिरांडा' मे बच्चों पर परीक्षा का प्रेशर है.

एक दूसरी बात ये भी है कि शूजित 30 सेकेंड का विज्ञापन बनाएं, तीन मिनट की शॉर्ट फ़िल्म हो या फिर तीन घंटे की फ़िल्म, वो दर्शकों का दिल छू ही लेते हैं.

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English summary
Bollywood director Shoojit Sircar says the day he will feel he is celebrity director he will go back to Kolkata and play football.
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