#TooMuch: फिल्म बनाने से पहले रेप कैसे और कितना करना है...ये सीख लीजिए!
सेंसर बोर्ड की हरकतों के बारे में तो आप सब जानते हैं लेकिन अब सेंसर बोर्ड ने अपनी लिमिट भी पार कर दी। रवीना टंडन की फिल्म मातृ में सेंसर बोर्ड को रेप सीन से दिक्कत है।
सेंसर बोर्ड नाम की एक चीज़ के बारे में तो सुना होगा आपने! बहुत ही अजीब सी जगह है जिसके नियम और कानून उससे भी ज़्यादा अजीब है। अब सेंसर बोर्ड की कारस्तानी से तो हर कोई वाकिफ रहता ही है लेकिन अब तो सेंसर बोर्ड ने हद ही कर दी है।
दरअसल, रवीना टंडन की फिल्म मातृ को सेंसर बोर्ड का सर्टिफिकेट नहीं मिल पाया है कारण जानकर आप हैरान रह जाएंगे। कारण है फिल्म में दर्शाया गया रेप सीन।

दरअसल, सेंसर बोर्ड का कहना है कि फिल्म में रेप सीन बहुत ही हिंसक तरीके से दिखाया गया है और हमें फिल्म छोड़कर उठना पड़ा। कुछ समय तक ये सब ठीक लगता है लेकिन उसके बाद दिखाने की ज़रूरत नहीं थी।
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सेंसर बोर्ड का ये भी कहना है कि वो अपनी ड्यूटी पूरी तरह से निभा रहा है क्योंकि केवल इस फिल्म को सर्टिफिकेट देने के लिए सेंसर बोर्ड शनिवार को भी खोला गया लेकिन फिर भी फिल्म सर्टिफिकेट देने लायक नहीं थी।
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रवीना टंडन का कहना है कि मातृ रेप जैसे गंभीर विषय पर बनी एक फिल्म है लेकिन हमारे समाज में रेप और सेक्स जैसी चीज़ें अभी भी बंद कमरों के अंदर ही रह जाती है। कोई इनके बारे में खुलकर बात करना नहीं चाहता है।


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