..................... Gangubai Kathiawadi review from Berlin hails Alia Bhatt as superstar and Bhansali as magician | गंगूबाई काठियावाड़ी रिव्यू बर्लिन से - Hindi Filmibeat

बर्लिन से गंगूबाई काठियावाड़ी फिल्म रिव्यू: आलिया भट्ट एक बेहतरीन सुपरस्टार और भंसाली एक जादूगर हैं

आलिया भट्ट स्टारर संजय लीला भंसाली की फिल्म गंगूबाई काठियावाड़ी 25 फरवरी को रिलीज़ के लिए तैयार हैं। फिल्म ने 17 फरवरी को बर्लिन इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में अपना प्रीमियर किया था जहां भंसाली और आलिया भट्ट की इस फिल्म का दर्शकों ने खड़े होकर तालियों से उत्साह वर्धन किया था।

बर्लिन में जिसने भी ये फिल्म देखी उसे कुछ खामियां छोड़कर फिल्म बेहद पसंद आई। इन खामियों में भी किसी ने आलिया भट्ट के बेहतरीन अभिनय को नज़र अंदाज़ नहीं किया। रेडिट पर एक यूज़र ने लिखा था - आलिया भट्ट कभी कभी राम लीला की दीपिका पादुकोण की झलक दिखी लेकिन उसमें भी वो शानदार लगीं।

gangubai-kathiawadi-review-from-berlin-hails-alia-bhatt-as-superstar-and-bhansali-as-magician

इंटरनेशनल न्यूज़पेपर्स ने आलिया भट्ट की फिल्म को मिला जुला रिस्पॉन्स भले ही दिया हो लेकिन ट्विटर पर इस फिल्म फेस्टिवल के दर्शकों ने आलिया भट्ट की गंगूबाई काठियावाड़ी की दिल खोलकर तारीफ की है। देखिए इंटरनेशनल मीडिया और दर्शकों ने गंगूबाई काठियावाड़ी रिव्यू कैसे किया और उन्हें फिल्म में क्या अच्छा और क्या बुरा लगा -

भारतीय फिल्म इंडस्ट्री के लिए एक ज़रूरी फिल्म

भारतीय फिल्म इंडस्ट्री के लिए एक ज़रूरी फिल्म

लीडा बाच ने लिखा गंगूबाई नाम के एक किरदार के सेक्स का व्यापार करने के बावजूद, पॉज़िटिव कहानी को परदे पर सफलता पूर्वक उतार पाना, भारतीय फिल्म इंडस्ट्री जहां ये विषय अभी भी असहज है, उसके लिए एक बहुत बड़ा कदम है।

सिनेमा प्रेमी के लिए ज़ुबान पर नमक

सिनेमा प्रेमी के लिए ज़ुबान पर नमक

फर्स्टपोस्ट ने लिखा - गंगूबाई, महामारी में अटकी हुई वो फिल्म है जो इतने इंतज़ार की हकदार थी और इतने लंबे इंतज़ार के बाद फिल्मों से वंचित हर सिनेमा प्रेमी के लिए ज़ुबान पर नमक की तरह है। भूरे, गहरे रंगों में लिपटी ये सफेद फिल्म एक शानदार सेट पर भले ही खड़ी हो लेकिन ये सेट आपको उस दुनिया को यकीन दिलाता है जो भंसाली ने बनाई है।

एक बेहद ईमानदार कोशिश

एक बेहद ईमानदार कोशिश

लेटरबॉक्स ने लिखा - इस फिल्म के बारे में सबसे खास बात ये है कि ये फिल्म एक बेहद ईमानदार कोशिश है एक आम सी कहानी को एक भव्य तरीके से सुनाने की और ये कोशिश आपको छूती है। बहुत मुश्किल से ऐसी कहानियों को इतने बड़े बजट में इतने भव्य सूत्र में पिरोया जाता है। एक शानदार कास्ट, इस कोशिश को और सफल बनाती है।

सेक्स वर्कर की छवि तोड़ती गंगूबाई

सेक्स वर्कर की छवि तोड़ती गंगूबाई

लीडा बाच लिखती हैं - इस फिल्म में गंगूबाई की निडर और बहादुर हीरो वाली छवि आमतौर पर सेक्स वर्कर की इमेज के बिल्कुल विपरीत है जिसे सिनेमा में अक्सर किसी चीज़ की तरह या फिर किसी बेचारी शिकार की तरह देखा जाता है। वहीं सामाजिक दबाव के बीच भी अपने हक के लिए राजनीति में उतरना और सेक्स वर्कर के उत्पीड़न के खिलाफ आवाज़ उठाते हुए उन्हें कानूनी तौर पर न्याय दिलाना, सिनेमा के इंटरटेनमेंट के साथ इस फिल्म के मेसेज को तत्काल रूप से बेहद ज़रूरी बना देता है।

गंगूबाई एक गुंडी महिला है

गंगूबाई एक गुंडी महिला है

फिल्म देखने वाले एक और दर्शक ने लिखा - मैं भारतीय फिल्मों से ज़्यादा करीबी रिश्ता नहीं रखती हूं लेकिन इस समय मैं पूरी तरह रोमांचित हूं। क्या ये बहुत फिल्मी लग रहा है? होगा शायद। पर क्या ये इंटरटेनमेंट का स्तर बनाए रखता है ? बिल्कुल। मैं इस फिल्म की लंबाई के बारे में थोड़ी चिंतित ज़रूर थी लेकिन ये फिल्म कैसे खत्म हो गई मुझे पता ही नहीं चला। आंखें भंसाली की दुनिया की चकाचौंध में खो जाती हैं और इस बेहद अहम मुद्दे के बारे में दिमाग सोचने लग जाता है। गंगूबाई एक गुंडी महिला है लेकिन क्या महिला है। उम्मीद करती हूं कि आलिया भट्ट इस फिल्म के बाद एक सुपरस्टार बन जाएं। स्क्रीन पर वो जिस तरह मज़बूत और दृढ़ होने के बावजूद अपनी आंखों में एक लाचारी और मायूसी लिए चलती हैं, वो देखना शानदार अनुभव था।

भंसाली, आप एक जादूगर हैं

भंसाली, आप एक जादूगर हैं

स्टाईल ब्यामी ने लिखा - कहते हैं कि सफेद रंग सबसे अनोखा होता है क्योंकि इसमें इंद्रधनुष के सारे रंग समाहित होते हैं। गंगूबाई काठियवाड़ी में भी मुझे भावनाओं के सारे रंग दिखाई दिए जश्न, ईमानदारी, परोपकार, ज़िम्मेदारी, एहसान और प्यार का हर एक रंग। आलिया भट्ट तुम्हें सलाम है इस शानदार किरदार को इतने बेहतरीन तरीके से निभाने के लिए। जब से मैंने गंगा को गंगू बनते देखा, तब से मैंने रोना शुरू कर दिया। पूरी फिल्म में मैं कभी हंसी और कभी रोई। शब्द ही नहीं हैं। भंसाली, आप एक जादूगर हैं।

ढोलीड़ा देखना एक शानदार अनुभव

ढोलीड़ा देखना एक शानदार अनुभव

एक और दर्शक ने लिखा - इस फिल्म के डायलॉग्स बेहद संजीदा हैं जो आपको आलिया के दर्द से भी जोड़ेंगे और उसकी मुस्कुराहट के साथ भी। मुझे बहुत पसंद आया कि ये फिल्म ज़िंदगी के अलग अलग हिस्सों में बंटी हुई है जिससे कि फिल्म की गति बनी रहती है और आलिया के किरदार को भी आपसे अपनी गति से जुड़ने का मौका मिलता है। स्क्रीन पर ढोलीड़ा देखना एक शानदार अनुभव था।

आलिया का परफेक्शन स्क्रीन पर दिखता है

आलिया का परफेक्शन स्क्रीन पर दिखता है

आलिया ने इस फिल्म में अपना सब कुछ दांव पर लगा दिया है। सारी मेहनत, सारी कला और इसे अपने करियर की बेस्ट फिल्म बना दिया है। कहीं से कोई कमी नहीं दिखाई देती है और ये परफेक्शन स्क्रीन पर दिखता है। आलिया ने जिस तरह अपने किरदार के लिए अपनी बोली और आवाज़ पर काम करते हुए परफेक्ट डायलॉग डिलीवरी दी है, मैं उनकी फैन बन चुकी हूं।

सफल फिल्म की बधाई

सफल फिल्म की बधाई

श्रीनिवास ने लिखा - आलिया आप इस फिल्म में अद्भुत थीं। बेहद कम शब्दों में जिस तरह आपने इतनी मज़बूती से अपना किरदार गढ़ा है वो काबिले तारीफ था। आप हर किसी से अपने किरदार के ज़रिए बात कर पाएंगी। गंगूबाई काठियावाड़ी की पूरी टीम को ढेरों बधाई।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+
X