'तेरा क्या होगा..' का 'स्लमडॉग' से लेना-देना नहीं: सुधीर

सुधीर कहते हैं कि उन्होंने यह फिल्म मुंबई के अंदरूनी इलाकों में रहने वालों के लिए एक श्रद्धांजलि है। मिश्रा ने साक्षात्कार के दौरान बताया, "यह मुंबई के अंदरूनी हिस्सों में रहने वाले लोगों पर बनाई गई एक फिल्म है। मेरा जुड़ाव मुंबई से है और मैं यहां रहता हूं। मुंबई में बहुत सारी चीजें हैं। मैं स्लमडॉग को पसंद करता हूं लेकिन मैने तेरा क्या होगा जॉनी उसके प्रतिउत्तर में नहीं बनाई है।"
मिश्रा ने कहा, "हालांकि इसे स्लमडॉग के प्रतिउत्तर में बनाई गई फिल्म कहा जा सकता है। जो लोग लंदन में बैठकर इस फिल्म को दखेंगे वह सीधे तौर पर ऐसा कह सकते हैं।" उल्लेखनीय है कि 'तेरा क्या होगा जॉनी' का वर्ष 2008 से ही प्रदर्शित होने का इंतजार हो रहा है।
'स्लमडॉग' से तुलना करने को नकारते हुए सुधीर कहते हैं कि यह फिल्म पूरे शहर को ध्यान में रखकर बनाई गई है। सुधीर ने कहा, "यह फिल्म एक 16 वर्षीय दुर्भाग्यशाली युवक जॉनी की उम्मीदों, महात्वाकांक्षाओं और जीवन की कहानी है, जो मुंबई की गलियों में रहता है और चाय बेचता है। इसमें दिखाया गया है कि उसके जीवन में कैसे आश्चर्यजनक बदलाव आता हैं।"


Click it and Unblock the Notifications











