Interview: हर पति को कैटरीना चाहिए हर पत्नी को रितिक- आर माधवन
रहना है तेरे दिल में के मैडी को शायद ही कोई भूल पाया हो। उसका प्यार उसका पागलपन लड़कियों को इतना भाया कि मैडी बॉलिवुड के दूसरे शाहरुख खान बन गये। हम बात कर रहे हैं आर माधवन की जो कि साउथ के साथ हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के भी रोमांटिक हीरो हैं।
तनु वेड्स मनु रिटर्न्स से दोबारा आर माधवन लड़कियों को इंप्रेस करने आ रहे हैं। आर माधवन का कहना है कि हर पति चाहता है उसकी पत्नी कैटरीना जैसी दिखे और हर पत्नी को शाहरुख या रितिक जैसा पति चाहिए। एक नज़र डालते हैं आर माधवन के साथ हुई बातचीत की कुछ झलकियां।
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तनु वेड्स मनु रिटर्न्स को लेकर सबसे ज्यादा चैलेंजिंग क्या था?
तनु वेड्स मनु सीक्वल वाली फिल्म नहीं थी, इसलिए हम फिल्म के बारे में भूल गये थे बनाकर। लेकिन फिर भी हमने फिल्म का सीक्वल बनाने के लिए हां कहा। ये बैटमैन, सुपरमैन, ग्रैंड मस्ती जैसी फिल्म नहीं है जिसका सीक्वल बनाया जा सकता था। इसके बाद भी फिल्म को नया और एंटरेटनिंग बनाना बहुत ही मुश्किल टास्क है। फिल्म में डबल रोल था ।
आज भी लड़कियां मैडी की दीवानी हैं, लेकिन आप हमेशा ही गिनी चुनी फिल्में ही करते रहे हैं। इसके पीछे वजह क्या है?
कॉंप्लीमेंट के लिए शुक्रिया, मुझे लगता है कि मैं बहुत लकी रहा हूं और मैंने सही तरह की स्क्रिप्ट चुनी हैं। और यही वजह है कि 45 की उम्र में भी सोलो हीरो का किरदार निभा रहा हूं। मैने हमेशा यही चाहा कि मेरी अगली फिल्म हो वो पिछली फिल्म से आगे और बेहतर हो चाहे वो रहना है तेरे दिल में हो, तनु वेड्स मनु हो, रंग दे बसंती हो। मैने कभी भी ये रिग्रेट नहीं किया कि इनमें से किसी फिल्म का हिस्सा काश मैं ना होता। लेकिन कुछ ऐसी फिल्में हैं कि जिनका हिस्सा मैं होना चाहता था जैसे जिदंगी ना मिलेगी दोबारा, वेक अप सिड लेकिन वो मुझे नहीं मिलीं। इतने समय बाद तनु वेड्स मनु रिटर्न्स मिली है तो लोगों को ये बहुत पसंद आई है। बच्चों को भी ये पसंद आ रही है। आज के समय में जब बच्चे भी प्यार में पड़ जाते हैं और यंग लोग रिलेशनशिप को दोबारा परिभाषित कर रहे हैं। ऐसे में तनु वेड्स मनु रिटर्न्स को इतना पसंद करना मेरे लिए बहुत बड़ी बात है। ऐसी कहानियां मुझे नहीं मिलतीं इसलिए मैं फिल्में नहीं करता।
तनु वेड्स मनु रिटर्न्स में शादी के बाद की कहानी दिखाई गयी है। अक्सर फिल्में शादी तक आकर खत्म हो जाती हैं, उसके बाद की कहानी पर बहुत कम फिल्में बनती हैं। तो आपका एक्सपीरिंयस कैसा रहा और इस शादी के बाद के रोमांस को लेकर आप क्या कहना चाहते हैं?
जब हमने पहली बार ये फिल्म बनाई थी तो उस वक्त किसी को नहीं लगाी था कि हमें ये फिल्म बनानी चाहिए। मुझे ये फिल्म इतनी पसंद आई कि मैं पीछे ही पड़ गया कि मुझे ये फिल्म बनानी है और मैंने ये फिल्म बनाई ये सफल भी हुई। दो साल निकल गये इसी चक्कर में। लेकिन मेरी बात पक्की निकली हमारे शहरों में जो रोमांस होती है वो आज भी काफी ट्रेडीशनल है। हालांकि वो चाहती हैं कि उनके पति शाहरुख रितिक जैसे दिखे और लड़ेक चाहते हैं उनकी पत्नियां कैटरीना की तरह दिखें लेकिन होता नहीं है ऐसा। और इसके बावजूद मैं नहीं मानता कि उनकी लाइफ में रोमांस नहीं है। मेरे माता-पिता 75 साल के है एक साथ रहते हैं और उनके जैसा प्यार मैं आज भी नहीं देखा। शादी के बाद प्यार अपना चेहरा बदलता है। प्यार कमिटमेंट, रिस्पॉंसिबिलटी में बदल जाता है। जो लोग ऐसा नहीं समझ पाते वो शादी के बाद की फिल्में नहीं बना पाते। हंसते हुए मुझे बहुत अचरज हुआ कि जब हिमांशू ने ऐसी लाइनें लिखीं जो कि अनमैरिड है, जिन्हें सुनकर मेरी पत्नी ने कहा कि मैडी तुमने हमारी बातें जाकर सबको बता दीं।
तनु वेड्स मनु रिटर्न्स की सफलता लेकर प्रेशर महसूस करते हैं आप?
चूंकि ये सीक्वल वाली फिल्म नहीं है इसलिए थोड़ा प्रेशर महसूस हुआ, ना ही फिल्म में कोई सुपर हीरो था, ट्रेलर को 6 मिलियन व्यूज मिले जिसकी खुशी में बता भी हीं सकता। मुझे बहुत खुशी है लेकिन अब प्रेशर और बढ़ गया है।
आपने अपनी फिल्मों में कॉमन मैन के किरदार निभाए हैं। लेकिन उनके बावजूद आपने खुद को एक सुपर हीरो बनाकर रखा है?
सुपर हीरो बनना, सिक्स पैक बनाकर हीरो बन जाना आसान है। लेकिन एक आम आदमी बनकर एक आम आदमी की कहानी को परदे पर उतारना मुश्किल है। एक आम आदमी के किरदार को लोगों के बीच चर्चा का विषय बनाना, लोगों को सिनेमाहॉल तक खींच लाना बहुत मुश्किल है। जैसे कि शाहरुख खान ने एक समय पर किया था जब वो एक आम आदमी थे लेकिन फिर भी जनता में हीरो थे, अमिताभ बच्चन ने भी आम आदमी के किरदारों से खुद को लोगों को बीच हीरो बना दिया। तो मैं भी फिजिकली एक आम इंसान ही हूं और मुझे खुद को स्टार की तरह महसूस कराना बिल्कुल पसंद नहीं है। इसीलिये मैं अपनी निजी जिदंगी में खुद को सुपर हीरो मानता हूं।
आप जब रहना है तेरे दिल से फिल्म इंडस्ट्री में आए तो आपको बतौर रोमांटिक हीरो लोगों ने पसंद किया और आपकी फैन फॉलोइंग बन गयी। इतने सालों बाद दोबारा से आप रोमांटिक किरदार में ही नज़र आ रहे हैं। क्या आप सच में रोमांटिक हीरो ही बने रहना चाहते हैं?
निजीतौर पर मैंने इस बात पर ध्यान नहीं दिया कि मुझे रोमांटिक हीरो बनना है। मैंने कभी नहीं सोचा कि मैं ये करता हूं राम जी कता हूं क्योंकि ये मेरे देश से जुड़ी हुई है। 3 इडियट्स करता हूं क्योंकि इस समय हमारे समाज को इसकी जरुरत है। 3 इडियट्स करता हूं क्योंकि बचपन में मैं इस चीज से गुजरा था. तनु वेड्स मनु मेरे शहर में ऐसे ही प्यार होता है। मनु ऐसी ही होती है। ऐसी कहानियो कों मैंने चुना और एसी ही फिल्में करनी लगी। मेरी जिंदगी मैं थोड़ी मोहब्बत और प्यार है कि मैं इनमें रच बस गया। मेरे सर पर लिखा हुआ है कि रोमांटिक होना है।
क्वीन फिल्म को तनु वेड्स मनु से जोड़ा जाता है। आपको क्या लगता है?
क्वीन फिल्म तनु वेड्स मनु के पहले भाग से थोड़ा बहुत मिलती जुलती है। तनु वेड्स मनु जब मैं बेचेन गया तो लोगों ने कहा कि ये फिल्म नहीं चलेगी, ये गांव की कहानी है 70 के दशक का रोमांस है। लेकिन उसके बाद जब ये फिल्म बन गयी तो उसके बाद गैंग्स ऑफ वासेपुर जैसी फिल्में बनीं जो कि हमारे समाज के निचले वर्ग से जुड़ी हुई थीं।


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