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फिल्म इंडस्ट्री में कोई नहीं, जो 'खान्स' के खिलाफ बोल सके- गोविंदा

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कॉमेडी किंग, हीरो नंबर वन, राजा बाबू.. आदि नामों से मशहूर अभिनेता गोविंदा एक बार फिर धमाकेदार ''हीरो'' कमबैक के लिए तैयार हैं। दीपांकर सेनापति के निर्देशन में बनी फिल्म 'आ गया हीरो' 3 मार्च 2017 को रिलीज होने वाली है। 

यह फिल्म गोविंदा के प्रोडक्शन हाउस की पहली फिल्म है। लिहाजा, वह इसे लेकर थोड़े उत्साहित भी हैं, थोड़े नर्वस भी। लेकिन साथ ही उन्हें उम्मीद है कि दर्शकों से उन्हें प्यार मिलेगा। फिल्म में गोविंदा के साथ आशुतोष राणा, ऋचा शर्मा आदि मुख्य किरदारों में नजर आएंगे। 

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बहरहाल, इस फिल्म के प्रमोशन के दौरान फिल्मीबीट ने गोविंदा से कुछ खास बातचीत की। जहां उन्होंने अपनी फिल्म के साथ साथ.. अपने स्टारडम से लेकर अपनी गल्तियां और सलमान खान से लेकर डेविड धवन पर बातें की। 

यहां पढ़े इंटरव्यू के कुछ प्रमुख अंश:

फिल्म को लेकर नर्वस हूं

फिल्म को लेकर नर्वस हूं

होम प्रोडक्शन की पहली फिल्म है। लिहाजा, फिल्म को लेकर उत्साहित और नर्वस दोनों ही हूं। फिल्म मेकिंग काफी मुश्किल हो गया है। मेकिंग को लेकर नहीं, बल्कि इसकी प्लानिंग, मार्केटिंग की वजह से। लेकिन यह भी जरूरी हो गया है कि आप अपनी सोच लोगों के समक्ष रखें।

कैसी होगी 'आ गया हीरो'

कैसी होगी 'आ गया हीरो'

फिल्म में मैं पुलिस अफसर का किरदार निभा रहा हूं, जो एक्टिंग करता है। एक्टिंग करके वह पता लगाता है कि क्या क्राइम हो रहा है। इस फिल्म में वह डॉन की एक्टिंग कर रहा है। लेकिन सबको बाद में पता चलता है कि किरदार एक्टिंग कर रहा है। फिल्म में काफी ट्विस्ट एंड टर्न्स हैं।

फिल्म में डॉयलोग्स है, गाने हैं.. गोविंदा स्टाइल डासिंग है, हंसी मजाक है।

चढ़ते सूरज को सलाम

चढ़ते सूरज को सलाम

बॉलीवुड ही नहीं, हर जगह यही होता आया है। लोग चढ़ते सूरज को सलाम करते हैं। इसमें कुछ गलत भी नहीं है। लेकिन मैं कभी इस चीज पर ध्यान नहीं देता। मैं यही सोचता हूं कि मैं क्या कर सकता हूं, मेरा समय कैसा चल रहा है, मैं किस तरह इससे निकल सकता हूं।

वरूण धवन की तुलना मुझसे करना गलत है

वरूण धवन की तुलना मुझसे करना गलत है

यह पूरी तरह से गलत है। मैं ये क्यों कह रहा हूं.. आप देखो, जब रणवीर सिंह आया, तो लोगों ने कहा गोविंदा.. जब वरूण आया, तो लोगों ने कहा गोविंदा। आप खुद ही देखो, इन दोनों की बॉडी तो सलमान जैसी है। लेकिन किसी की हिम्मत है कि यह कहें ये सलमान जैसे हैं। क्यों..! क्योंकि इन्हें पता है कि यदि कह देंगे कि सलमान जैसे हैं तो अगले दिन से फिल्म नहीं मिलेगी।

खैर, वरूण तो गोविंदा हो ही नहीं सकता। उसने 6 साल में डेविड धवन के साथ दो फिल्में की हैं। मैंने डेविड धवन के साथ 17 फिल्में की हैं।

खान पर नहीं बोल सकता कोई

खान पर नहीं बोल सकता कोई

लोग खान्स के विरोध में बोल ही नहीं सकते। मैं भी यदि अभी पॉलिटिक्स में रहता तो नहीं कहते। लेकिन यहां का यही रिवाज है। आप थोड़े पीछे होंगे.. तो लोग वहां किस और को फिट कर देंगे।

आज जिस तरह खान्स कैंप है.. अक्षय कुमार कैंप है.. गोविंदा कैंप भी था

आज जिस तरह खान्स कैंप है.. अक्षय कुमार कैंप है.. गोविंदा कैंप भी था

90s में गोविंदा कैंप भी था। सबलोग कहते थे कि गोविंदा का कैंप है। डेविड धवन, गोविंदा, शक्ति कपूर, करिश्मा कपूर, रवीना टंडन.. ये लोग ही मिलकर फिल्म बना लेते है। किसी और को चांस ही नहीं देते।

डेवि़ड धवन ले गए मेरी फिल्म

डेवि़ड धवन ले गए मेरी फिल्म

मैंने डेविड धवन के साथ 17 फिल्में की हैं। मैंने उनसे कहा कि 18वीं भी कर लो। तो उन्होंने मेरी कहानी भी मेरी, मेरा टाइटल भी ले लिया.. 'चश्मे बद्दूर'.. और फिल्म में उन्होंने ऋषि कपूर को ले लिया। मैंने फिर उनसे कहा कि ठीक है फिल्म बना ली, लेकिन मेरा एक कैमियो ही डाल दो.. लेकिन डेविड मेरे साथ 18वीं फिल्म करने के लिए तैयार ही नहीं हुए।

राजनीति एक गलती थी

राजनीति एक गलती थी

मैं बुजुर्गों के कहने पर राजनीति से जुड़ा। लेकिन मुझे पता नहीं था ऐसा हो जाएगा। शायद उन्हें भी अंदाजा नहीं था। यहां तक की वहां से निकलने पर भी मैं फंसा रहा। लोग मुझसे भाग रहे थे। प्रोड्यसर मेरे आस पास भी नहीं फटकते थे। कहीं ना कहीं यह सब निर्माण किया गया था। मुझे लग रहा था, मेरा मजाक उड़ाया जा रहा है।

90s की कॉमेडी फिल्मों और आज की कॉमेडी में कितना अंतर

90s की कॉमेडी फिल्मों और आज की कॉमेडी में कितना अंतर

कॉमेडी टेलीविजन पर शिफ्ट हो गई है। आज 3 घंटे आप किसी को हंसाते रहें, यह संभव नहीं है। लेकिन टेलीविजन पर यह कुछ मिनटों की होती है। जैसे कपिल शर्मा को देखें.. बॉलीवुड में कोई उनकी बराबरी नहीं कर पा रहा है।

अमिताभ बच्चन, दिलीप कुमार से काफी कुछ सीखा

अमिताभ बच्चन, दिलीप कुमार से काफी कुछ सीखा

दिलीप कुमार ने मुझसे कहा था यदि जिंदगी में खुश रहना चाहते हो तो कॉमेडी फिल्में करो। कॉमेडी फिल्में थकान मिटा देती है। और ऐसा ही हुआ मेरे साथ। मैंने 14-15 साल तक लगातार फिल्में की हैं। फिर जब मैं अमिताभ बच्चन के साथ काम कर रहा था, मैंने अपने आंखो से उन्हें संघर्ष करते देखा है। उसकी वजह से मैंने खुद को थोड़ा तैयार किया। मैं उन्हें देखकर हैरान रह गया था। मुझे लगा.. जब इनके साथ ये सब हो सकता है, तो मैं तो कुछ भी नहीं हूं इनके सामने।

रोहित शेट्टी के साथ जरूर काम करना चाहूंगा

रोहित शेट्टी के साथ जरूर काम करना चाहूंगा

रोहित शेट्टी की फिल्मों में एक्टर्स ज्यादा मेहनत नहीं करते। बल्कि वह खुद बहुत तैयारी करते हैं। उनकी फिल्में डॉयलोग पंच पर चलती है और वह सब डाइरेक्टर का काम है। हमलोग जो फिल्में करते थे, वहां एक्टर्स कॉमेडी निकालकर लाते थे। लेकिन मैं इन सबके साथ काम करना चाहूंगा। मैंने आदित्य चोपड़ा के साथ काम किया और मुझे बहुत अच्छा लगा।

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    English summary
    Govinda in an interview talks about his upcoming movie Aa Gya Hero, his stardom, downfall and much more.

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